ज़मीन सेवाबिहार · भूमि सहायता

वंशावली कैसे बनाएं PDF — बिहार ज़मीन सर्वे का ऑनलाइन टूल

खाली वंशावली (प्रपत्र-3) की PDF नीचे मुफ़्त है, प्रिंट करके हाथ से भर लीजिए। या नीचे दिए टूल में परिवार का पेड़ ऑनलाइन बनाइए: टूल मुफ़्त में जाँच देता है कि कोई ऐसी कमी तो नहीं जिससे अंचल में वंशावली लौट जाए।

📄 खाली वंशावली PDF — मुफ़्त डाउनलोड

प्रिंट निकालिए और हाथ से भर लीजिए। न नाम माँगा जाएगा, न नंबर, न पैसा।

⬇️ PDF डाउनलोड करें

हाथ से भरने में गलती का डर है? नीचे ऑनलाइन भरिए, टूल मुफ़्त में हर कमी पकड़ लेता है।

यह ज़मीन सेवा का बनाया सरल प्रारूप है, सरकारी फॉर्म की प्रति नहीं। शिविर में मिलने वाला फॉर्म थोड़ा अलग दिख सकता है।

1. अपनी जानकारी

2. परिवार का पेड़ बनाएं

सबसे ऊपर मूल पुरुष (पूर्वज) का नाम लिखें, फिर हर नाम के नीचे “संतान जोड़ें” दबाकर उनके बेटे-बेटियाँ जोड़ते जाएँ।

3. तैयार वंशावली

नमूना

वंशावली

प्रपत्र-3(1) — स्वघोषित वंशावली (Genealogy)

ग्राम/मौज़ा: ____________ज़िला: __________दिनांक: ____________

वंश-वृक्ष:

  • स्व॰ ____________

पीढ़ी-वार विवरण:

पीढ़ी 1स्व॰ ____________

घोषणा: मैं ____________, प्रमाणित करता/करती हूँ कि उपरोक्त वंशावली मेरी जानकारी एवं विश्वास के अनुसार पूर्णतः सत्य एवं शुद्ध है। किसी भी त्रुटि के लिए मैं स्वयं उत्तरदायी रहूँगा/रहूँगी।

स्थान: ____________
हस्ताक्षर
____________

zameenseva.in · निजी सहायता सेवा (सरकारी विभाग नहीं)

🔍 मुफ़्त जाँच

जैसे-जैसे आप नाम जोड़ेंगे, यहाँ दिखता जाएगा कि कोई ऐसी कमी तो नहीं जिससे अंचल में वंशावली लौट जाए, जैसे आपका अपना नाम पेड़ में न होना या बेटियों का छूट जाना।

साफ़ प्रति चाहिए? ₹199 — दोनों कागज़

  • ✓ बिना “नमूना” निशान वाली पक्की वंशावली — भुगतान के तुरंत बाद, इसी पेज पर
  • ✓ इसी एक भुगतान में प्रपत्र-2 भी — सर्वे में दोनों साथ जमा होते हैं, दूसरे कागज़ के लिए दोबारा पैसा नहीं लगता
  • ✓ जमा करने की पूरी तैयारी — क्या साथ लगेगा, कहाँ जमा होगा, आगे क्या
  • ✓ जितनी बार चाहें प्रिंट निकालिए या बदलाव कीजिए — कोई सीमा नहीं
  • ✓ भुगतान के बाद आपका कागज़ किसी भी फ़ोन या कंप्यूटर पर खुल जाएगा
पहले ऊपर की कमियाँ ठीक करें

हम अधूरा कागज़ बेचकर पैसा नहीं लेते। ऊपर बताई कमियाँ ठीक करते ही भुगतान का बटन अपने-आप खुल जाएगा।

Cashfree से सुरक्षित भुगतान · UPI, कार्ड, नेट बैंकिंग · भुगतान Pramila Business Solutions को जाता है

कोई दिक्कत हो तो ईमेल से पूछ लीजिए.

यह टूल कैसे काम करता है

  1. 1अपनी जानकारी भरेंअपना नाम, मोबाइल, गाँव और ज़िला लिखें।
  2. 2मूल पुरुष का नाम डालेंसबसे ऊपर अपने पूर्वज (मूल पुरुष) का नाम लिखें।
  3. 3परिवार जोड़ेंहर नाम के नीचे “संतान जोड़ें” दबाकर बेटे-बेटियाँ जोड़ते जाएँ।
  4. 4मुफ़्त जाँच देखेंटूल बता देगा कि कोई ऐसी कमी तो नहीं जिससे अंचल में आवेदन लौट जाए — यह जाँच मुफ़्त है।

वंशावली क्या है और क्यों ज़रूरी है?

वंशावली (प्रपत्र-3(1)) एक पारिवारिक वंश-वृक्ष है, जो बताता है कि ज़मीन मूल पुरुष से होते हुए किस-किस वारिस तक पहुँची। बिहार के विशेष भूमि सर्वेक्षण में स्वघोषणा (प्रपत्र-2) के साथ वंशावली देना ज़रूरी है। सही वंशावली से ज़मीन सही नाम पर दर्ज होती है और आगे बँटवारे व हक़ में विवाद नहीं होता।

बिना निशान वाली पक्की वंशावली चाहिए?

भुगतान करते ही पक्की प्रति खुल जाएगी, और इसी एक भुगतान में प्रपत्र-2 भी शामिल है। साथ में जमा करने की पूरी तैयारी भी।

🔒 पक्की प्रति लें — ₹199

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

खाली वंशावली फॉर्म PDF कहाँ से डाउनलोड करें?+

इसी पेज पर सबसे ऊपर “PDF डाउनलोड करें” दबाइए। खाली फॉर्म बिल्कुल मुफ़्त है, न नाम माँगा जाता है न नंबर। प्रिंट निकालकर हाथ से भर लीजिए। यह हमारा बनाया सरल प्रारूप है; शिविर में मिलने वाला फॉर्म थोड़ा अलग दिख सकता है।

क्या यह वंशावली टूल मुफ़्त है?+

वंशावली बनाना और पूरी जाँच बिल्कुल मुफ़्त है —कमियाँ क्या हैं और उन्हें कैसे ठीक करना है, यह सब बिना पैसे के दिख जाता है। नमूना प्रति पर “नमूना” लिखा रहता है। बिना निशान वाली पक्की प्रति ₹199 में मिलती है और भुगतान के तुरंत बाद डाउनलोड हो जाती है।

वंशावली में किस-किस का नाम आता है?+

सबसे ऊपर मूल पुरुष (पूर्वज) का नाम, फिर उनके बेटे-बेटियाँ, फिर उनके बच्चे — इस तरह आज तक के सभी वारिसों के नाम सही क्रम में।

क्या यह वंशावली सीधे सरकारी काम में लग जाएगी?+

टूल उन सभी कमियों की जाँच करता है जिनकी वजह से अंचल में वंशावली अक्सर लौटा दी जाती है — जैसे आवेदक का नाम पेड़ में न होना, बेटियों का छूट जाना, या मृत सदस्यों का प्रमाण-पत्र न होना। जाँच पास होने पर पक्की प्रति निकालिए, हस्ताक्षर कीजिए और जमा कर दीजिए। सरपंच की मुहर ज़रूरी नहीं।

अगर जाँच में कमी निकली तो?+

तब भुगतान का बटन बंद रहता है। हम अधूरी वंशावली का पैसा नहीं लेते। कमी ठीक करते ही बटन अपने-आप खुल जाता है।

वंशावली को और किन नामों से खोजा जाता है?+

लोग इसे bansawali, banshavali, vanshavali या “बंशावली” भी लिखते हैं, और बिहार सर्वे के कागज़ में इसे प्रपत्र-3 कहा जाता है। ये सब एक ही चीज़ हैं — वही वंश-वृक्ष जो प्रपत्र-2 के साथ जमा होता है।

क्या मोबाइल फोन से बन जाएगा?+

हाँ, यह टूल फोन पर भी आसानी से चलता है। पक्की प्रति भी फोन में सेव हो जाती है।

यह भी देखें

⚠️ ज़मीन सेवा एक निजी सहायता सेवा है। यह कोई सरकारी वेबसाइट नहीं है और किसी सरकारी विभाग से संबंधित नहीं है। सरकारी पोर्टल पर आवेदन निःशुल्क है; हम केवल सेवा/सहायता शुल्क लेते हैं।

📄 खाली फॉर्म PDF — मुफ़्त